योग संग जुड़े होमस्टे–होटल, चम्पावत पर्यटन को देंगे नई उड़ान*।

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चम्पावत 25 सितंबर 2025

*योग संग जुड़े होमस्टे–होटल, चम्पावत पर्यटन को देंगे नई उड़ान*

*योग नीति–2025 के साथ चम्पावत होमस्टे/होटल एसोसिएशन बनेगी पर्यटन विकास की नई कड़ी: जिलाधिकारी की पहल*

*उत्तराखण्ड योग नीति–2025 के तहत होमस्टे एवं होटल संचालकों के साथ बैठक सम्पन्न*

जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार की अध्यक्षता में गुरुवार को जिला सभागार चम्पावत में उत्तराखण्ड योग नीति–2025 के अंतर्गत होमस्टे एवं होटल संचालकों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जी.एस. खाती, जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी डॉ. आनंद गुसाई, पर्यटन विभाग के अधिकारीगण तथा जनपद के सभी पंजीकृत होमस्टे एवं होटल संचालक उपस्थित रहे।

बैठक का उद्देश्य आयुष पद्धति के अंतर्गत योग के प्रचार-प्रसार, क्रियान्वयन और योग के आध्यात्मिक व शारीरिक आयामों को बढ़ावा देना था।

जिलाधिकारी ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा उत्तराखण्ड योग नीति–2025 लागू की गई है, जिसके अंतर्गत होमस्टे, होटल एवं रिजॉर्ट संचालकों को अपने संस्थानों में योग सेवाओं को संयोजित करने, योग एवं वैलनेस सेंटर तथा ध्यान केन्द्र स्थापित करने हेतु प्रोत्साहित किया जा रहा है।

इस नीति के तहत इच्छुक संचालकों को अपुणी सरकार पोर्टल पर पंजीकरण कराना अनिवार्य है। पहाड़ी क्षेत्रों में योग वैलनेस एवं ध्यान केन्द्र खोलने पर अधिकतम ₹20.00 लाख या 50% तक सब्सिडी तथा मैदानी क्षेत्रों के लिए अधिकतम ₹10.00 लाख या 25% तक सब्सिडी प्रदान की जाएगी। इसके अतिरिक्त, यदि होटल/होमस्टे संचालक अपने संस्थानों में योग प्रशिक्षक नियुक्त करते हैं तो उन्हें ₹250 प्रति घंटा के मानदेय की प्रतिपूर्ति सरकार द्वारा दी जाएगी। होमस्टे एवं होटल संचालकों के मार्गदर्शन हेतु जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी, चम्पावत द्वारा हेल्प डेस्क भी स्थापित की गई है।

जिलाधिकारी ने बैठक में स्पष्ट किया कि यह नीति प्रदेश को ‘आयुष प्रदेश’ के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इससे न केवल योग और वेलनेस पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा बल्कि स्वास्थ्य, रोजगार और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती प्राप्त होगी। उन्होंने सभी संचालकों से अपील की कि वे इस नीति का लाभ उठाकर अपने संस्थानों को योग और वेलनेस टूरिज्म का केंद्र बनाएं।

बैठक के दौरान जनपद में पर्यटन को बढ़ावा देने के विषय पर भी विशेष चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने सभी होमस्टे एवं होटल संचालकों को एक संगठन के रूप में कार्य करने के लिए प्रेरित किया और चम्पावत होमस्टे/होटल एसोसिएशन के गठन का सुझाव दिया, जिसका सभी उपस्थित संचालकों ने स्वागत किया। यह एसोसिएशन भविष्य में जनपद में पर्यटन एवं अन्य गतिविधियों को बढ़ावा देने हेतु सक्रिय भूमिका निभाएगी।

इसके साथ ही जिलाधिकारी ने जनपद में नए ट्रैक रूट विकसित करने, व्यू पॉइंट्स बनाने तथा होमस्टे एवं होटलों को योगा वेलनेस केन्द्रों से जोड़ने पर भी बल दिया। उन्होंने कहा कि इन पहलों से चम्पावत पर्यटन की दृष्टि से और अधिक आकर्षक एवं सशक्त बनेगा।

बैठक में डॉ. प्रकाश सिंह, वरिष्ठ चिकित्साधिकारी/जिला नोडल अधिकारी (योग नीति), डॉ. सुधाकर गंगवार, चिकित्साधिकारी/जिला नोडल अधिकारी (राष्ट्रीय आयुष मिशन), कु. उमा, जिला कार्यक्रम प्रबंधक सहित आयुर्वेदिक एवं यूनानी विभाग चम्पावत के अन्य कार्मिक भी उपस्थित रहे।

Jaya punetha editor in chief ।