*मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने चम्पावत के विकास के लिए की चार बड़ी घोषणाएं: ऑडिटोरियम, पैराग्लाइडिंग और ट्राइबल टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा*।

चम्पावत 09 मार्च, 2026

*मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने चम्पावत के विकास के लिए की चार बड़ी घोषणाएं: ऑडिटोरियम, पैराग्लाइडिंग और ट्राइबल टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा*

प्रदेश के सर्वांगीण विकास के संकल्प को आगे बढ़ाते हुए मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा जनपद चम्पावत के लिए चार महत्वपूर्ण विकास योजनाओं की घोषणा की गई थी। विगत 07 फरवरी, 2026 को जनपद चम्पावत में आयोजित ‘शारदा कॉरिडोर शिलान्यास’ एवं ‘माघ खिचड़ी’ कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री जी द्वारा इन योजनाओं का विजन प्रस्तुत किया गया था, जिन्हें अब धरातल पर उतारने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है।

मुख्यमंत्री जी द्वारा की गई घोषणाओं का विवरण निम्नवत है:

• *भव्य ऑडिटोरियम का निर्माण:* जनपद चम्पावत में सामुदायिक गतिविधियों और सांस्कृतिक आयोजनों के लिए 300 लोगों की क्षमता वाले एक आधुनिक ऑडिटोरियम की स्थापना की जाएगी। इसके लिए जिलाधिकारी चम्पावत को जल्द ही उपयुक्त भूमि आवंटित करने के निर्देश दिए गए हैं।

• *साहसिक पर्यटन को नई उड़ान:* जनपद के डाडा ककनई क्षेत्र को साहसिक पर्यटन के हब के रूप में विकसित किया जाएगा। यहाँ पैराग्लाइडिंग गतिविधियों को बढ़ावा देने के साथ-साथ पर्यटकों के लिए उच्च स्तरीय सुविधाओं का विकास किया जाएगा, जिससे स्थानीय रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।

• *ट्राइबल टूरिज्म (खिरद्वारी ग्राम):* विधानसभा क्षेत्र चम्पावत के वनराजि ग्राम ‘खिरद्वारी’ को उसकी विशिष्ट कला, संस्कृति और पारंपरिक शैली के अनुरूप विकसित किया जाएगा। इसे एक मॉडल के रूप में ‘ट्राइबल टूरिज्म’ की परिकल्पना के साथ जोड़ा जाएगा, ताकि पर्यटकों को वनराजि जनजाति की समृद्ध विरासत से रूबरू कराया जा सके।

 

• *शिक्षा के क्षेत्र में सुदृढ़ीकरण:* शिक्षा को प्राथमिकता देते हुए अटल उत्कृष्ट राजकीय बालिका इण्टर कॉलेज, टनकपुर में छात्राओं की सुविधा हेतु एक नए शिक्षा ब्लॉक (Education Block) का निर्माण किया जाएगा, जिससे छात्राओं को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके।

इन सभी घोषणाओं को जल्द से जल्द मूर्त रूप देने और शासन स्तर से आवश्यक वित्तीय व प्रशासनिक अनुमोदन प्राप्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। मुख्यमंत्री जी के इन निर्णयों से चम्पावत में पर्यटन, संस्कृति और शिक्षा के क्षेत्र में नए युग

की शुरुआत होगी।

Jaya punetha editor in chief ।

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