मानेश्वर समाचार।
30 जुलाई 2025
मतगणना के लिए एक बार फिर चंपावत, लोहाघाट, पाटी एवं बाराकोट में मतगणना कर्मियों को दिया गया गहन प्रशिक्षण।
पहली बार चुनावी व्यवस्था से खुश मतदान कर्मियों ने जिलाधिकारी व उप जिला निर्वाचन अधिकारी को धन्यवाद देकर किया अपनी खुशी का इजहार।
चंपावत।: इस दफा पंचायती चुनाव ऐसे खुशनुमा माहौल में संपन्न हुआ जिसमें 395 मतदान केंद्रों में नियुक्त 2600 से अधिक कर्मचारी व अधिकारियों को न तो कोई बोरियत हुई न हीं उन्हें कोई थकान, मतदाताओं को किसी प्रकार की कठिनाइयों का सामना भी नहीं करना पड़ा। खेल खेल में चुनाव ऐसे निपटा कि किसी ने न तो कोई लापरवाही की ओर न हीं गैर जिम्मेदाराना हरकत। चुनाव के दौरान हर कर्मचारी एवं अधिकारी पूरे अलर्ट मोड पर थे। जिसका आधी रात में भी ट्रायल लेने के बाद हुई परीक्षा की कसौटी में भी खरे उतरे। सबसे बड़ी बात यह रही कि मतदान केंद्रों से आए वेलेट बॉक्सो को जमा करने का कार्य मात्र 5 से 10 मिनट में ही निपट गया। जबकि अन्य चुनाव में इस कार्य के लिए उन्हें अपनी बारी के इंतजार में रात भर रुकना पड़ता था। इसका कारण मतदान कर्मियों को ठोक पीठ कर ऐसा प्रशिक्षण दिया गया, जिसमें कर्मचारियों व अधिकारियों ने सभी कार्य हंसते हंसते सुनियोजित एवं व्यवस्थित रूप से संचालित किया। जिसमें गलतियों के लिए कोई स्थान ही नहीं था। पहली बार मतदान कर्मियों ने अपनी खुशी का इजहार जिलाधिकारी एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी को धन्यवाद देकर किया। जिलाधिकारी मनीष कुमार पहले ही त्रुटिविहीन,विवाद रहित, व्यवस्थित एवं गरिमा पूर्ण माहौल में चुनाव को संपन्न कराने के लिए कमर कसे हुए थे। इस कार्य में उप जिला निर्वाचन अधिकारी के रूप में सीडीओ डॉ जीएस खाती का चुनाव संचालन का लंबा अनुभव, ज्ञान एवं प्रशिक्षण देने का तौर तरीका बहुत काम आया जो सभी मतदान कर्मियों के लिए “बूस्टर डोज” साबित हुआ। जिलाधिकारी का मानना है कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में सभी अधिकारियों व कर्मचारियों को मानसिक, बौद्धिक एवं शारीरिक रूप से स्वस्थ ही नहीं बल्कि उन्हें जागरूक भी रहना चाहिए। जिससे बगैर किसी गलती एवं तनाव मुक्त होकर यह चुनाव प्रक्रिया को पारदर्शी रूप देने में सफल रहे। बृहस्पतिवार को होने वाली मतगणना को पारदर्शी रूप देने के लिए आज भी उप जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा ठोक पीठ कर चारों ब्लाकों में प्रशिक्षण दिया गया जिससे कही कोई त्रुटि की गुंजाइस ही ना रहे।
Jaya punetha editor in chief ।




