रायकोट-कुंवर के ग्रामीणों ने लोहाघाट बाईपास के प्रस्तावित स्थल को किया खारिज।
फ्लाईओवर बनाकर लोहावती नदी पार कर पाटन तक ले जाने के प्रस्ताव पर बनी सहमति।
लोहाघाट। राष्ट्रीय राजमार्ग के अंतर्गत प्रस्तावित लोहाघाट बाईपास के लिए रायकोट-कुंवर क्षेत्र में चुने गए स्थल को ग्रामीणों ने पूरी तरह खारिज कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि वे पहले से ही भूमिहीन हैं और अब वे अपनी उपजाऊ भूमि का एक इंच भी बाईपास के लिए नहीं देंगे। जिलाधिकारी के निर्देश पर बुधवार को एसडीएम सदर अनुराग आर्य ने ग्रामीणों के साथ बैठक कर प्रस्तावित स्थल पर चर्चा की। इस मौके पर राष्ट्रिय राज मार्ग के अधिशाषी अभियंता दीपक जोशी ने बताया कि विभाग द्वारा बाईपास का मार्ग देवरानी बैंड से शुरू होकर लगभग दो किलोमीटर लंबी टनल के बाद रायकोट क्षेत्र की करीब 800 मीटर भूमि से होकर प्रस्तावित किया गया है।
बैठक में ग्रामीणों ने प्रस्ताव को सर्वसम्मति से अस्वीकार करते हुए कहा कि “हम अपने बच्चों का निवाला छीनकर भूमि नहीं दे सकते।” इसके बाद ग्रामीणों ने तीन वैकल्पिक मार्ग सुझाए देवराडीं बैंड से शिवालय पुल तक लोहावती नदी पर फ्लाईओवर बनाकर पाटन में निकाला जाए जिससे दुसरा देवराडीं बैंड से शंखपाल होते हुए मरोड़ाखान तक सड़क बनाई जाए। देवरानी बैंड से देवीधार, जयंती भवन, चांदमारी होते हुए एमजे होटल के पास तक मार्ग बनाया जाए।
तकनीकी दृष्टि से जब लोहावती नदी पर फ्लाईओवर का प्रस्ताव रखा गया तो इस पर न केवल ग्रामीणों ने, बल्कि विभागीय अधिकारियों ने भी सहमति जताई। एसडीएम अनुराग आर्य ने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य ऐसा मार्ग चुनना है जिससे जंगल और निजी भूमि को न्यूनतम नुकसान हो। उन्होंने कहा कि यदि फ्लाईओवर बनाकर मार्ग को पाटन तक ले जाया जाता है तो इससे न केवल सरकारी धन की बचत होगी बल्कि कृषि भूमि भी सुरक्षित रहेगी और नगर की सुंदरता में वृद्धि होगी।
वर्तमान में विभाग द्वारा प्रस्तावित बाईपास की लागत करीब 800 करोड़ रुपये आंकी गई है। बैठक में ग्राम प्रधान प्रदीप कुंवर, प्रकाश सिंह, गिरीश कुंवर, अंकित सिंह, लक्ष्मण सिंह, रवि कुंवर, ललिता देवी, मोहन सिंह, उमेश्वर सिंह, गोपाल सिंह, नीरज सिंह, चंचल देवी, विजय सिंह सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। ग्राम प्रधान ने इस दौरान गांव में अंतरिक सीसी मार्ग, पुस्तकालय एवं जिम की स्थापना की भी मांग उठाई। ग्रामीणों ने बैठक में पहुंचे एसडीएम अनुराग आर्य, तहसीलदार जगदीश सिंह नेगी, अभियंता दीपक जोशी एवं अभियंता दयाराम जरवाल को स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया। इस मौके पर पूरा गांव प्रशासनिक पहल से संतुष्ट नजर आया और बाईपास निर्माण पर आगे की कार्यवाही के लिए सकारात्मक माहौल देखने को मिला।
फोटो: लोहाघाट में बाईपास के प्रस्ताव पर ग्रामीणों से वार्ता करते एसडीएम अनुराग आर्य, तहसीलदार जगदीश सिंह नेगी, अधिशाषी अभियंता दीपक जोशी एवं अभियंता डीएस जरमाल इस मौके पर पूरा गांव प्रशासनिक पहल से सन्तुष्ट नजर आया तथा और बाईपास निर्माण की आगे की कारवाही के लिए सकारात्मक माहौल देखने को मिला।
फोटो – लोहाघाट में बाईपास के प्रस्ताव पर ग्रामीणों से वार्ता करते एसडीएम अनुराग आर्य, तहसीलदार जगदीश नेगी, अधिशाषी अभियंता दीपक जोशी एवं अभियंता डीएस जरमाल।




