रीठा साहिब जोड़ मेले में उमड़ा आस्था का सैलाब, डेढ़ लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने टेका मत्था।
जिलाधिकारी मनीष कुमार ने किया मेले का भ्रमण, अंतरराष्ट्रीय तीर्थ के रूप में विकसित होगा रीठा साहिब; हेली सेवा, पार्किंग विस्तार और झूला पुल निर्माण की घोषणा। मेले में आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु हमारे मेहमान है – जिलाधिकारी
लोहाघाट। विश्व प्रसिद्ध गुरुद्वारा श्रीरीठासाहिब में आयोजित तीन दिवसीय वार्षिक जोड़ मेले के दूसरे एवं मुख्य दिवस पर आस्था का अभूतपूर्व जनसैलाब उमड़ पड़ा। अनुमानित डेढ़ लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने गुरु घर में मत्था टेककर गुरु महाराज का आशीर्वाद प्राप्त किया तथा मीठे रीठे के दर्शन कर अपनी मनौतियां मांगीं। देश-विदेश से पहुंची सिख संगत के कारण पूरे क्षेत्र में श्रद्धा, सेवा और भक्ति का अद्भुत वातावरण बना हुआ है। श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला देर शाम तक लगातार जारी रहा। मुख्य दिवस पर मुख्य अतिथि के रूप में जनपद के जिलाधिकारी मनीष कुमार ने मेले का विस्तृत भ्रमण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने दरबार साहिब में मत्था टेककर जनपदवासियों की सुख-समृद्धि और शांति की कामना की। गुरुद्वारा परिसर में उनका भव्य स्वागत किया गया। इस अवसर पर दिल्ली के प्रख्यात कार सेवा प्रमुख बाबा बच्चन सिंह से उन्होंने आशीर्वाद प्राप्त किया। वहीं दिल्ली गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रमुख बाबा सुरेंद्र सिंह, गुरुद्वारा श्री नानकमत्ता साहिब के बाबा रविंद्र सिंह, गुरुद्वारा श्री रीठा साहिब के प्रबंधक बाबा श्याम सिंह, जोगिंदर सिंह, अमनजीत सिंह, गुरवंत सिंह सोनी, जसकरण सिंह, अवतार सिंह तथा ट्रस्टी अजीत सिंह सहित अन्य गणमान्य लोगों ने उनका स्वागत किया। बाबा सुरेंद्र सिंह और गुरजंट सिंह ने जिलाधिकारी को सरोपा एवं कृपाण भेंट कर सम्मानित किया। कार्यक्रम का संचालन करते हुए गुरुद्वारा के सचिव अजीत पाल सिंह ने जिलाधिकारी मनीष कुमार की कार्यशैली की सराहना करते हुए कहा कि उन्हें गुरु घर में सेवा करते हुए तीन दशक से अधिक समय हो गया है, लेकिन उन्होंने ऐसा जनसेवी जिलाधिकारी नहीं देखा जिसकी सांसों में आम जनता की धड़कन बसती हो। उन्होंने कहा कि जिलाधिकारी प्रतिदिन 15 घंटे तक जनता की समस्याओं के समाधान के लिए समर्पित रहते हैं तथा धार्मिक, पौराणिक और पर्यटन स्थलों के विकास के लिए निरंतर कार्य कर रहे हैं। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और जिलाधिकारी का आभार व्यक्त किया।
दिल्ली से आए बाबा सुरेंद्र सिंह ने कहा कि वे भले ही दिल्ली में रहते हों, लेकिन चंपावत के जिलाधिकारी द्वारा किए जा रहे कार्यों की चर्चा वहां तक पहुंच रही है। उन्होंने कहा कि ऐसा कर्मठ और संवेदनशील अधिकारी मिलना जनपद के लिए सौभाग्य की बात है। उन्होंने जिलाधिकारी के माता-पिता का भी विशेष स्मरण किया। अपने सम्मान के प्रति आभार व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी मनीष कुमार ने देश-विदेश से आए श्रद्धालुओं और धर्म गुरुओं का उत्तराखंड सरकार एवं जिला प्रशासन की ओर से स्वागत किया। उन्होंने कहा कि गुरुद्वारा श्री रीठा साहिब ने विश्व पटल पर चंपावत जनपद को एक विशिष्ट पहचान दिलाई है और यहां आने वाला प्रत्येक श्रद्धालु प्रशासन का सम्मानित अतिथि है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विशेष प्रयासों से रीठा साहिब को अंतरराष्ट्रीय धार्मिक पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है। भविष्य में दिल्ली सहित अन्य प्रमुख शहरों से हेली सेवा संचालित किए जाने की योजना पर कार्य चल रहा है, जिससे अधिक से अधिक श्रद्धालु यहां पहुंच सकेंगे। जिलाधिकारी ने बताया कि वर्तमान पार्किंग स्थल श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या के कारण छोटा पड़ने लगा है। इसे दोगुना करने के साथ-साथ और विस्तार दिया जाएगा। साथ ही रतिया नदी संगम क्षेत्र में झूला पुल निर्माण की योजना भी प्रस्तावित है। मेले के दौरान श्रद्धालुओं के ठहरने के लिए अस्थायी टेंट व्यवस्था को भी और सुदृढ़ किया जाएगा।
इस दौरान अकाल तख्त के पूर्व जत्थेदार ज्ञानी गुरबचन सिंह, तख्त श्री हरिमंदिर जी पटना साहिब के जत्थेदार ज्ञानी रणजीत सिंह सहित अनेक धर्म गुरुओं ने संगत को आशीर्वचन दिए। पंजाब से पहुंचे रागी जत्थों, कविश्री जत्थों और हजूरी जत्थों की प्रस्तुतियों ने पूरे वातावरण को गुरुबाणी और भक्ति रस से सराबोर कर दिया। गुरुद्वारा परिसर में अखंड पाठ एवं धार्मिक कार्यक्रमों का क्रम जारी है।
रविवार को महाभोग एवं विशेष धार्मिक कार्यक्रमों के साथ तीन दिवसीय ऐतिहासिक जोड़ मेले का समापन होगा।
Jaya punetha editor in chief ।




