चम्पावत में राहत-बचाव कार्य तेज़, प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद*।

मानेश्वर समाचार।

2 सितंबर 2025

*चम्पावत में राहत-बचाव कार्य तेज़, प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद*

*राहत-बचाव कार्यों में प्रशासन सक्रिय, जन सुरक्षा के साथ पशुधन भी प्राथमिकता*

*जिलाधिकारी के नेतृत्व में राहत कार्यों की निरंतर मॉनिटरिंग*

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों एवं जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार की निगरानी में जनपद में हो रही भारी वर्षा से उत्पन्न जलभराव एवं आपदा की स्थिति से निपटने हेतु जिला प्रशासन पूर्ण रूप से सक्रिय है।

जनपद में हो रही भारी वर्षा के कारण उत्पन्न जलभराव एवं आपदा की स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन ने ग्राउंड जीरो पर सक्रिय मोर्चा संभाल रखा है। प्रशासन का प्रयास है कि किसी भी परिस्थिति में आम नागरिकों की सुरक्षा से समझौता न हो।

जन सुरक्षा के साथ-साथ पशुधन की सुरक्षा पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। सेना, NDRF, SDRF, पुलिस, स्वास्थ्य, सिंचाई, पशुपालन एवं राजस्व विभाग की टीमें लगातार प्रभावित क्षेत्रों में तैनात रहकर राहत-बचाव कार्यों को अंजाम दे रही हैं।

लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के साथ-साथ उनके भोजन, रहने व आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है। प्रशासन का संकल्प है कि आपदा की इस कठिन घड़ी में प्रत्येक प्रभावित परिवार एवं पशुपालक को हरसंभव मदद उपलब्ध कराई जाएगी।

पचपकरिया (पूर्णागिरि तहसील) में जलभराव की स्थिति में NDRF ने राफ्ट की सहायता से 16 लोगों एवं 04 पशुओं को सुरक्षित रेस्क्यू किया। यहां किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई है।

देवीपुरा एवं गुदमी मे सेना एवं SDRF की संयुक्त टीम ने 20 ग्रामीणों को सुरक्षित निकाला।

आनंदपुर, छिनीगोठ एवं ज्ञानखेड़ा में जलभराव कम होने से SDRF द्वारा लगातार निगरानी रखी जा रही है।

बनबसा में रेस्क्यू किए गए लोगों को राजकीय महाविद्यालय, बनबसा में बनाए गए राहत शिविर में सुरक्षित स्थानांतरित कर भोजन एवं रहने की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।

लोहाघाट तहसील के ग्राम सिरोड़ी पट्टी, रौशाल में 16 परिवारों को राजकीय प्राथमिक विद्यालय रौशाल में सुरक्षित शिफ्ट किया गया तथा भोजन एवं ठहरने की व्यवस्था की गई। ग्राम मंगोली में एक आवासीय भवन क्षतिग्रस्त हुआ तथा 05 परिवारों को सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित कर अनुमन्य धनराशि उपलब्ध कराई गई।

पूर्ति विभाग द्वारा 80 तथा राजस्व विभाग द्वारा 50 (कुल 130) खाद्यान्न किट (आटा, चावल, नमक, मसाले, चीनी, चायपत्ती व दूध) प्रभावित परिवारों को वितरित किए गए। लगभग 200 परिवारों को भोजन के पैकेट तैयार कर वितरित किए जा रहे हैं।

सिंचाई विभाग द्वारा मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार हुद्दी नदी के चैनलाईजेशन एवं ड्रेंचिंग का कार्य प्रगति पर है।

इस दौरान सेना, NDRF, SDRF, पुलिस, राजस्व, सिंचाई, स्वास्थ्य, पशुपालन, NHAI सहित सभी विभागीय अधिकारी एवं कर्मचारी ग्राउंड स्तर पर राहत-बचाव एवं आपदा प्रबंधन में जुटे हुए हैं।

जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार ने कहा कि “आपदा प्रभावित परिवारों को हर संभव मदद प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराई जा रही है तथा संवेदनशील क्षेत्रों में निवासरत लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।”

Jaya punetha editor in chief ।

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