मानेश्वर समाचार।
01 जुलाई 2025
*मानसून अवधि में संवेदनशील क्षेत्रों की गर्भवती महिलाओं हेतु विशेष स्वास्थ्य सुरक्षा व्यवस्था के निर्देश*
मानसून के दौरान संभावित आपदा परिस्थितियों—जैसे भू-स्खलन, बाढ़, भू-कटाव एवं जलभराव—को दृष्टिगत रखते हुए, जनपद चंपावत में गर्भवती महिलाओं की सुरक्षा एवं समय पर संस्थागत प्रसव सुनिश्चित कराने के लिए प्रशासन ने विशेष कार्य योजना तैयार की है।
*जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार ने मुख्य चिकित्साधिकारी चंपावत को स्पष्ट आदेश दिए हैं कि संवेदनशील क्षेत्रों में निवासरत सभी गर्भवती महिलाओं के सुरक्षित संस्थागत प्रसव की व्यवस्था प्राथमिकता के आधार पर सुनिश्चित की जाए*।
जिलाधिकारी ने निर्देशित किया है कि जिन गर्भवती महिलाओं की संभावित प्रसव तिथि मानसून अवधि में है, उन्हें चिन्हित कर प्रसव तिथि से कम से कम एक सप्ताह पूर्व निकटवर्ती प्रसव केंद्र या अन्य संस्थागत सुविधा में रहने की व्यवस्था करवाई जाए। संबंधित आशा कार्यकर्ता एवं ए.एन.एम के माध्यम से नियमित समन्वय और निगरानी की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि समय से पूर्व स्वास्थ्य सेवा मुहैया कराई जा सके। ऐसे सभी मामलों की सूची (दूरभाष सहित) तैयार कर संबंधित उपजिलाधिकारी, खंड विकास अधिकारी एवं जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र को अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराई जाए।
*कोई भी गर्भवती महिला स्वास्थ्य सुविधा के अभाव में संकट में न आए—यह सुनिश्चित करना संबंधित चिकित्सा अधिकारियों की जिम्मेदारी होगी। ऐसी किसी भी लापरवाही की दशा में संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 एवं विभागीय नियमों के अंतर्गत कठोर कार्रवाई की जाएगी।*
*जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार ने सभी संबंधित विभागों को निर्देशित किया है कि “मानव जीवन सर्वोपरि है।” अतः गर्भवती महिलाओं की सुरक्षा हेतु बनाई गई इस विशेष व्यवस्था का कड़ाई से अनुपालन किया जाए।* कोई भी लापरवाही प्रशासन की दृष्टि में गंभीर मानी जाएगी।
Jaya punetha editor in chief ।




