चंपावत 10 जून 2026
*औषधि निरीक्षक ने चम्पावत में किया मेडिकल स्टोरों का औचक निरीक्षण, चार दवाओं के नमूने जांच हेतु भेजे*
जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार के निर्देशानुसार, जनस्वास्थ्य के दृष्टिगत औषधियों की गुणवत्ता एवं सुव्यवस्थित विक्रय व्यवस्था सुनिश्चित करने के उद्देश्य से औषधि विभाग द्वारा जनपद में सतर्कता बढ़ा दी गई है। इसी क्रम में औषधि निरीक्षक हर्षिता द्वारा जिला चिकित्सालय चम्पावत के समीप स्थित विभिन्न मेडिकल प्रतिष्ठानों पर औचक निरीक्षण की प्रभावी कार्यवाही की गई।
इस निरीक्षण अभियान के तहत टीम द्वारा कुल 06 खुदरा एवं थोक औषधि प्रतिष्ठानों की सघन जांच की गई।
निरीक्षण के दौरान औषधि निरीक्षक द्वारा संबंधित प्रतिष्ठानों में उपलब्ध दवाओं के स्टॉक का मौके पर सत्यापन किया गया। इसके साथ ही सभी मेडिकल प्रतिष्ठानों पर वैध लाइसेंस की उपलब्धता, औषधियों के सुरक्षित भंडारण की व्यवस्था, रेफ्रिजरेटर में उचित तापमान नियंत्रण, सुव्यवस्थित स्टॉक प्रबंधन तथा रजिस्टर्ड फार्मासिस्ट की अनिवार्य उपस्थिति में ही औषधियों का क्रय-विक्रय सुनिश्चित करने जैसे महत्वपूर्ण बिंदुओं की गहन पड़ताल की गई। सुरक्षा एवं पारदर्शिता के दृष्टिगत सभी मेडिकल स्टोरों पर स्थापित सीसीटीवी कैमरों की कार्यप्रणाली एवं उनकी रिकॉर्डिंग की भी बारीकी से जांच की गई।
इसके अतिरिक्त, गुणवत्ता की जांच हेतु कुल 04 औषधियों के नमूने (सैंपल) संग्रहित किए गए, जिन्हें राजकीय औषधि विश्लेषणशाला प्रेषित किया जा रहा है। प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के उपरांत नियमानुसार अग्रिम वैधानिक कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।
औषधि निरीक्षक हर्षिता द्वारा सभी मेडिकल स्टोर संचालकों को कड़े निर्देश दिए गए कि प्रत्येक औषधि के विक्रय पर अनिवार्य रूप से विधिवत कैश मेमो/बिल जारी किया जाए तथा उसका पूर्ण अभिलेख (रिकॉर्ड) नियमानुसार अद्यतन रखा जाए।
उन्होंने निर्देशित किया कि नशीली/मनःप्रभावी (साइकोट्रोपिक) एवं एंटीबायोटिक्स औषधियां बिना किसी वैध चिकित्सकीय पर्चे (प्रिस्क्रिप्शन) के कदापि वितरित न की जाएं। यदि कोई भी मेडिकल संचालक लाइसेंस की शर्तों का उल्लंघन अथवा प्रतिबंधित दवाओं की अवैध बिक्री करता पाया गया, तो उसके खिलाफ औषधि एवं सौंदर्य प्रसाधन अधिनियम, 1940 (Drugs and Cosmetics Act, 1940) के सुसंगत प्रावधानों के अंतर्गत सख्त दंडात्मक कार्यवाही की जाएगी।
निरीक्षण टीम में सहायक दिनेश फर्त्याल भी मुख्य रूप से मौजूद रहे ।
Jaya punetha editor in chief ।




