चम्पावत 15 सितम्बर 2025
*नवरात्र में सुरक्षित व गुणवत्तायुक्त कुट्टू आटे की आपूर्ति हेतु जिला प्रशासन सख्त*
*नवरात्र में कुट्टू के आटे की गुणवत्ता पर विशेष निगरानी रखी जाएगी – जिलाधिकारी*
जिलाधिकारी मनीष कुमार ने अवगत कराया कि नवरात्र अवधि में उपभोक्ताओं को सुरक्षित एवं गुणवत्तायुक्त खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इस उद्देश्य से कुट्टू के आटे एवं अन्य उपयोजित खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने हेतु विशेष कार्ययोजना बनाई गई है, जिसके अंतर्गत सभी स्तर पर सख्त निगरानी रखी जाएगी।
जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद में संचालित सभी थोक विक्रेताओं, डिपार्टमेंटल स्टोरों एवं फुटकर विक्रेताओं, जो कुट्टू के आटे का निर्माण, भण्डारण, वितरण एवं विक्रय करते हैं, को चिन्हित किया जाएगा। नवरात्र प्रारम्भ होने से पूर्व इनके साथ बैठकें आयोजित की जाएंगी, जिनमें कुट्टू के आटे के सुरक्षित रख-रखाव, भण्डारण एवं लेबलिंग की शर्तों से अवगत कराया जाएगा।
उन्होंने कहा कि नवरात्र से पूर्व एवं नवरात्र अवधि में इन प्रतिष्ठानों का आकस्मिक व सामान्य निरीक्षण किया जाएगा। निरीक्षण के दौरान यह सुनिश्चित किया जाएगा कि कोई भी विक्रेता बिना वैध खाद्य लाइसेंस अथवा पंजीकरण के कुट्टू का आटा निर्माण, पैकिंग, भण्डारण अथवा विक्रय न करे। खुले में आटे की बिक्री पर विशेष निगरानी रखी जाएगी और जनस्वास्थ्य की दृष्टि से ऐसे विक्रय को हतोत्साहित किया जाएगा। साथ ही प्रत्येक विक्रेता से विक्रय हेतु उपलब्ध आटे के अभिलेख एवं आपूर्ति स्रोत की जानकारी अनिवार्य रूप से ली जाएगी।
जिलाधिकारी मनीष कुमार ने स्पष्ट किया कि कुट्टू का आटा केवल सीलबन्द पैकेट में ही विक्रय किया जाएगा। प्रत्येक पैकेट पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक (लेबलिंग एवं डिस्प्ले) विनियम 2020 के प्रावधानों के अनुसार पैकिंग की तिथि, अवसान तिथि, निर्माता/रिपैकर का पूरा नाम, पता, प्रतिष्ठान का नाम एवं वैध खाद्य लाइसेंस संख्या अंकित की जाएगी। प्रत्येक खाद्य कारोबारकर्ता को कुट्टू के बीज अथवा आटे का क्रय रिकॉर्ड लिखित रूप में सुरक्षित रखना अनिवार्य होगा।
उन्होंने कहा कि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से हो रही आपूर्ति एवं विक्रय पर भी विशेष निगरानी रखी जाएगी और दिशा-निर्देशों का उल्लंघन पाए जाने पर सम्बन्धित कारोबारकर्ताओं के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्यवाही की जाएगी। साथ ही मुख्य चिकित्साधिकारी कार्यालय के आईडीएसपी सैल के साथ समन्वय बनाकर कुट्टू के आटे के सेवन से बीमार होने संबंधी किसी भी सूचना पर क्विक रिस्पॉन्स टीम गठित कर त्वरित कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी।
