चम्पावत 10 सितम्बर 2025
*विद्यार्थियों को मिला जीवन रक्षक कौशल और नशा मुक्ति का संदेश*
*आपदा प्रबंधन से लेकर नशा मुक्ति तक, बच्चों ने सीखे जीवन उपयोगी पाठ*
जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार के निर्देशन में जनपद चम्पावत के राजकीय इंटर कॉलेज मंच में विद्यार्थियों हेतु आपदा प्रबंधन, फर्स्ट एड एवं नशा मुक्ति जागरूकता से जुड़ा एक विशेष प्रशिक्षण सत्र आयोजित किया गया। इस अवसर पर विद्यालय के छात्र – छात्राओं ने सक्रिय रूप से सहभागिता की।
मुख्य प्रशिक्षक डॉ. गौरांग जोशी ने बच्चों को रेडक्रॉस की भूमिका और उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए बताया कि आपदा के समय सतर्कता, त्वरित प्रतिक्रिया और सामूहिक सहयोग से बड़े नुकसान को टाला जा सकता है।
उन्होंने बच्चों को आपदा प्रबंधन के विभिन्न आयामों के बारे में जानकारी दी और प्राकृतिक आपदाओं की स्थिति में स्वयं की सुरक्षा तथा दूसरों की सहायता करने के व्यावहारिक उपाय सिखाए।
सत्र में विद्यार्थियों को फर्स्ट एड की मूलभूत जानकारी दी गई। बच्चों को वास्तविक उदाहरणों के माध्यम से घाव पर प्राथमिक उपचार, सीपीआर, पट्टी बांधने, जलने की स्थिति में तत्काल राहत, तथा असामान्य परिस्थितियों में मरीज की सुरक्षित देखभाल जैसे कौशल सिखाए गए।
डॉ. जोशी ने बच्चों को प्रत्यक्ष अभ्यास कराकर प्राथमिक उपचार का महत्व समझाया ताकि वे आवश्यकता पड़ने पर घर-परिवार और समाज में मददगार साबित हो सकें।
इसके साथ ही, नशा मुक्ति पर विशेष सत्र आयोजित किया गया। डॉ. जोशी ने बच्चों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में विस्तार से जानकारी दी और समझाया कि नशा न केवल शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को नुकसान पहुँचाता है, बल्कि यह पारिवारिक सुख-शांति और सामाजिक प्रतिष्ठा पर भी गहरा प्रभाव डालता है। उन्होंने विद्यार्थियों को नशा मुक्त रहने की शपथ दिलाई और उन्हें स्वस्थ, सकारात्मक तथा अनुशासित जीवन जीने के लिए प्रेरित किया।
इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य ने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण सत्र बच्चों में सजगता, जिम्मेदारी और आत्मनिर्भरता की भावना विकसित करते हैं। उन्होंने आह्वान किया कि छात्र-छात्राएं इस सीख को अपने जीवन में अपनाकर न केवल स्वयं को सुरक्षित रखें बल्कि समाज के लिए भी आदर्श बनें।
Jaya punetha editor in chief ।



