पुलिस का जवान राष्ट्र व समाज के लिए जीता है,और उसके स्वाभिमान के लिए ही देता है अपनी शहादत- जिलाधिकारी
पुलिस की सेवाओं को देखते हुए प्रत्येक पुलिस का जवान भी सम्मान पाने का होता है हकदार।
चंपावत। पुलिस का जवान समाज और राष्ट्र के लिए जीता है और जब कभी उसके वजूद पर संकट आता है तो वह इसके लिए अपना जीवन भी न्योछावर कर देता है।ऐसे व्यक्ति को हमेशा मान और सम्मान दिए जाने से हम अन्य लोगों को इस मार्ग में चलने के लिए प्रेरित कर सकते हैं। यह बात जिलाधिकारी मनीष कुमार ने आज यहां “पुलिस शहीद स्मृति दिवस” के अवसर पर शहीद पुलिस कर्मियों को जिला प्रशासन की ओर से भावपूर्ण श्रद्धांजलि देते हुए व्यक्त किए
उन्होंने उदाहरण दिया कि जब कोई भी व्यक्ति विपत्ति में होता है तो तब वह भगवान के अलावा पुलिस को ही याद करता है। इन भावनाओं से हम पुलिस के महत्व को आसानी से समझ सकते हैं।इन्होंने उपस्थित जवानों से कहा से कहा कि आप ऐसी महत्वपूर्ण व्यवस्था के अंग हैं जहां आपकी उपस्थिति से ही आपके कार्य को प्रलक्षित कर देती है। ऐसी स्थिति में प्रत्येक पुलिसकर्मी को अपने कार्य व्यवहार की ऐसी सुगंध छोड़नी चाहिए जिससे लोग उन्हें याद कर सके। जिलाधिकारी का यह भी कहना था कि ऐसे कई अवसर होते हैं जिसमें पुलिस को उसके कार्य और व्यवहार के लिए सम्मानित किया जाना चाहिए। इससे हम एक स्वस्थ परंपरा के संवाहक बनेंगे।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक अजय गणपति ने भी जिला पुलिस प्रशासन की ओर से शहीद जवानों को श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुए कहा कि हमें गर्व है कि हम एक पुलिस के ऐसे जवान हैं जिन्हें लोगों की सुरक्षा व रक्षा का महान दायित्व सौंपा है।भले ही हमारी सीमाओं की रक्षा के लिए हमारे वीर सैनिक है लेकिन आंतरिक सुरक्षा के कार्यों में पुलिस के महत्व एवं जवानों व अधिकारियों की कर्तव्यों को ऊंचे दृष्टिकोण के साथ देखा जाना चाहिए। पुलिस और जनता एक दूसरे के पहलू है। नागरिकों की सुरक्षा और सम्मान हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता होती है।
इस अवसर पर पुलिस के अधिकारी एवं जवान मौजूद थे




