चंपावत 29 सितंबर 2025
*नाकोट में बांस हस्तशिल्प का प्रमोशन: जिलाधिकारी ने संरक्षण और स्थानीय कारीगरों को सशक्त बनाने की दी दिशा*
लोहाघाट विकासखंड के नाकोट क्षेत्र में बांस से बने हस्तशिल्प उत्पादों के प्रचार-प्रसार और संरक्षण की पहल शुरू की गई है, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था और पारंपरिक कला दोनों को प्रोत्साहन मिल सके।
जिला सभागार में नाकोट ग्राम सभा के लोग अपने हाथों से बनाए गए बांस उत्पाद जिलाधिकारी को प्रस्तुत करे। उन्होंने बताया कि गांव के लगभग 25-30 कारीगर इस पारंपरिक कला को जीवित रख रहे हैं।
जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार ने कहा कि इन उत्पादों की खरीद से न केवल स्थानीय कारीगरों का आर्थिक सशक्तिकरण होगा, बल्कि यह पुरानी और समृद्ध कला का संरक्षण भी सुनिश्चित करेगा। उन्होंने आम जनता और अधिकारियों से आग्रह किया कि वे बांस हस्तशिल्प उत्पादों को खरीद कर इस पहल को सफल बनाएं।
इसी के साथ जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार ने सड़कों और राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे बांस की खेती को बढ़ावा देने की कार्ययोजना बनाने के निर्देश भी दिए हैं।
इस अवसर पर ग्रामीण श्री अनिल कुमार, श्री भवान, जगदीश, गिरीश, दिवान और उमेद राम सहित अन्य स्थानीय निवासी उपस्थित रहे।




